The News Camp, लखनऊ (17 अगस्त)। लखनऊ। पुरानी पेंशन योजना (OPS) की बहाली, टीईटी की अनिवार्यता खत्म करने और निजीकरण के विरोध में अटेवा ने आर-पार की लड़ाई का ऐलान कर दिया है। संगठन की ओर से 21 अगस्त को पूरे प्रदेश में ‘पेंशन तिरंगा यात्रा’ निकाली जाएगी। पारा स्थित स्व. डॉ. राम आशीष सिंह स्मृति भवन में आयोजित अटेवा के प्रदेश पदाधिकारियों ने सोमवार को बैठक कर आंदोलनों की रूपरेखा तय की गई। बैठक में जनजागरण सदस्यता व सहयोग अभियान, 21 अगस्त की तिरंगा यात्रा और 25 सितंबर को लखनऊ में होने वाली महारैली की सफलता को लेकर रणनीति बनाई गई।
अटेवा के प्रदेश अध्यक्ष विजय कुमार बंधु ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि पुरानी पेंशन बहाली, टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करने और निजीकरण को रोकने के लिए 21 अगस्त को प्रदेश का हर शिक्षक और कर्मचारी सड़कों पर उतरेगा। उन्होंने सभी पदाधिकारियों को तिरंगा यात्रा को सफल बनाने के लिए अभी से जोर-शोर से तैयारियों में जुटने के निर्देश दिए हैं। वहीं प्रदेश महामंत्री डॉ. नीरजपति त्रिपाठी ने कहा कि यह तिरंगा यात्रा सरकार को शिक्षक व कर्मचारियों की एकजुटता और मांगों का कड़ा संदेश देगी। संगठन ने 25 सितंबर की लखनऊ रैली को ऐतिहासिक बनाने के लिए 13 सितंबर को राजधानी में एक और बड़ी तैयारी बैठक बुलाई है। इसमें प्रदेश, मंडल और जिला स्तर के संयोजक, महामंत्री व कोषाध्यक्ष शामिल होंगे। बैठक में डॉ. आशाराम, चंद्रहास सिंह, डॉ. राजेश कुमार, संजय उपाध्याय, राकेश रमन, डॉ. भूरी सिंह, अशोक कन्नौजिया, रजत प्रकाश, अखिलेश यादव, सूफियान, कुलदीप सैनी, जनार्दन शुक्ला, नरेंद्र कुमार, डॉ. आनंदवीर और धर्मेंद्र गोयन समेत कई प्रमुख पदाधिकारी मौजूद रहे।