The News Camp, लखनऊ 25 August 2026: उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने रक्षाबंधन से ठीक पहले प्रदेश की महिलाओं और वरिष्ठ नागरिकों के लिए सौगातों का पिटारा खोल दिया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में आयोजित कैबिनेट बैठक में कुल 24 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। इनमें सबसे बड़ा फैसला 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को उत्तर प्रदेश परिवहन निगम (UPSRTC) की सभी बसों में आजीवन मुफ्त यात्रा की सुविधा देना और ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना’ को मंजूरी प्रदान करना रहा। कैबिनेट के इन फैसलों से प्रदेश की लगभग 1 करोड़ से अधिक महिलाओं को सीधे तौर पर आर्थिक राहत और बेहतर परिवहन सुविधा का लाभ मिलेगा।
लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना:
बैठक के बाद फैसलों की जानकारी देते हुए राज्य सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि प्रदेश सरकार ने ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति योजना’ को आधिकारिक स्वीकृति दे दी है। इस योजना के तहत 60 वर्ष या उससे अधिक आयु की महिलाओं को उत्तर प्रदेश परिवहन निगम (रोडवेज) की सामान्य व एसी सहित सभी श्रेणी की बसों में आजीवन मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी।
कैसे मिलेगा लाभ:
60 वर्ष से ऊपर की बुजुर्ग महिलाओं को बस में सफर के दौरान अपना प्रामाणिक पहचान पत्र जैसे वोटर आईडी कार्ड या कोई भी मान्य सरकारी पहचान पत्र दिखाना होगा। कंडक्टर पहचान सत्यापित कर शून्य मूल्य का टिकट जारी करेगा।
करोड़ों को राहत:
सरकार के इस कदम से राज्य की लगभग 1 करोड़ से अधिक वरिष्ठ नागरिक महिलाओं को आवागमन में सहूलियत होगी और उनकी आर्थिक निर्भरता भी कम होगी।
रक्षाबंधन पर 3 दिन रोडवेज बसों में सभी महिलाओं की फ्री एंट्री
त्योहार के सीजन को ध्यान में रखते हुए योगी सरकार ने प्रदेश की सभी बहनों को रक्षाबंधन का विशेष उपहार दिया है। कैबिनेट ने रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर महिलाओं के लिए रोडवेज बसों में 3 दिनों की विशेष निःशुल्क यात्रा सेवा को भी स्वीकृति दी है।यह सुविधा 27 अगस्त की सुबह 6 बजे से शुरू होकर 29 अगस्त की मध्यरात्रि (रात 12 बजे) तक लागू रहेगी। इस अवधि के दौरान उत्तर प्रदेश की सीमा के भीतर चलने वाली परिवहन निगम की सभी साधारण एवं वातानुकूलित बसों में महिलाएं बिना कोई किराया दिए सफर कर सकेंगी।
425 करोड़ रुपये की लागत से खरीदी जाएंगी 250 नई इलेक्ट्रिक बसें
सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल बनाने की दिशा में भी कैबिनेट ने बड़ा कदम उठाया है। बैठक में 425 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से 250 नई इलेक्ट्रिक बसों (42 सीटर और 52 सीटर) की खरीद के प्रस्ताव को हरी झंडी दे दी गई।
प्रदूषण पर लगाम:
इन वातानुकूलित ई-बसों को प्रदेश के प्रमुख शहरों और अंतर्राज्यीय मार्गों पर संचालित किया जाएगा, जिससे यात्रियों को आरामदायक सफर मिलने के साथ-साथ कार्बन उत्सर्जन में भी कमी आएगी।
बुनियादी ढांचे और विकास को मिलेगी रफ्तार
60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा और सार्वजनिक परिवहन के सुदृढ़ीकरण के अलावा कैबिनेट ने बुनियादी ढांचे, शिक्षा, स्वास्थ्य और शहरी विकास से जुड़े कई अन्य अहम प्रस्तावों पर भी अपनी स्वीकृति दी। सरकार का मानना है कि इन फैसलों से न केवल प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर को नई मजबूती मिलेगी, बल्कि समाज के हर वर्ग तक कल्याणकारी योजनाओं का सीधा लाभ पहुंचेगा।